राजस्थान में संक्रमण के 79% मामले पिछले महीने में आए, मौतों का आंकड़ा 50% बढ़ा

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जयपुर : राजस्थान में जिस तेजी से कोरोना बढ़ रहा है उसका अंदाजा किसी ने नहीं लगाया था। अप्रैल में पॉजिटिव केसों और मौतों की संख्या में बहुत तेजी से इजाफा हुआ। लेकिन बताया जा रहा है कि मई में संक्रमण और खतरनाक स्तर पर पहुंचने वाला है।

राज्य में पिछले साल मार्च में जब कोरोना ने दस्तक दी तब से लेकर इस साल मार्च के खत्म होने तक (13 महीने में) जितने लोग कोरोना से संक्रमित हुए, उसके 79% लोग पिछले महीने (अप्रैल) में हो गए। यही नहीं मौतों की संख्या में भी तेजी से इजाफा हुआ है। पिछले 13 महीने जितनी मौतें कोरोना से हुईं उसकी 50% से ज्यादा इस साल अप्रैल में हो गईं।

प्रदेश में बीते 13 महीने के अंदर कोरोना के कुल 3.33 लाख केस आए थे, जबकि 2,818 मौतें रिकॉर्ड में दिखाई गईं। वहीं इस साल अप्रैल की रिपोर्ट देखें तो 2.64 लाख से ज्यादा नए संक्रमित मिले हैं, जबकि 1,421 लोगों की मौत एक महीने में हो चुकी है।

फरवरी-मार्च में जितने केस मिले, उससे ज्यादा पिछले 5 दिन से आ रहे
राज्य में संक्रमण जिस तेजी से फैल रहा है उसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इस साल फरवरी और मार्च में जितने केस मिले थे, उससे ज्यादा अप्रैल के आखिरी 5 दिनों में हर रोज आ रहे हैं। फरवरी और मार्च में 15,658 संक्रमित मिले थे, जबकि 52 लोगों की मौत हो गई थी। वहीं, बीते 5 दिन में रोजाना इतने केस आ रहे हैं। इन 5 दिनों के अंदर 712 लोगों की मौत हो चुकी है।

कोटा में 10 गुना बढ़े एक्टिव केस, जोधपुर में संक्रमण की दर 25% से ज्यादा
राजस्थान में जिलेवार स्थिति देखें तो कोटा और जोधपुर में अप्रैल में हालात बेहद खराब रहे। कोटा में एक्टिव केसों की संख्या अप्रैल में 10 गुना तक बढ़ गई। यहां मार्च अंत तक 737 एक्टिव केस थे, जो अप्रैल खत्म होने तक बढ़कर 7,459 पर पहुंच गए। वहीं कोटा में पिछले 13 महीने में कुल 21,493 पॉजिटिव केस आए थे, जो 30 अप्रैल को बढ़कर 41,750 पर पहुंच गए।

जोधपुर में भी स्थिति डरावनी है। यहां भी जनवरी से लेकर अप्रैल तक चार महीने में कुल 35,673 पॉजिटिव केस मिले है। इसमें 92% केस यानी 32,826 संक्रमित तो केवल अप्रैल में मिले हैं। अप्रैल में तो स्थिति इतनी विकट हो गई कि यहां संक्रमण दर 25% को पार कर गई। यहां अप्रैल के अंदर कुल 1.38 लाख से ज्यादा लोगों के सैंपल की जांच की गई, जिसमें हर चौथा सैंपल पॉजिटिव निकला।

उदयपुर में भी कोरोना संक्रमण का इस बार जबरदस्त कहर है। यहां बीते 13 महीने में जितने पॉजिटिव केस मिले, उससे 161% ज्यादा अप्रैल महीने में ही आ गए। मार्च 2020 से मार्च 2021 तक उदयपुर में केवल 13,292 पॉजिटिव केस मिले, लेकिन पिछले महीने (अप्रैल) में कुल 21,448 पॉजिटिव आ गए। वहीं, इस बीमारी से मौतें भी 120% ज्यादा हुई हैं। पिछले 13 महीने में उदयपुर में कोरोना से 130 लोग मरे थे, लेकिन अप्रैल में 156 लोगों की मौत हो गई। राजधानी जयपुर में भी स्थिति खतरनाक ही रही। अप्रैल में 49,192 लोग संक्रमित हुए हैं, जबकि 962 लोगों की एक महीने में मौत हो गई।