लगातार 5वीं बार ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं, FY22 में GDP ग्रोथ 10.5 फीसदी

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भारतीय रिजर्व बैंक के गवर्नर शक्तिकांत दास आज मौद्रिक नीति की घोषणा की. आरबीआई ने रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं किया है. रेपो रेट 4 फीसदी और रिवर्स रेपो रेट 3.35 फीसदी पर बरकरार है. आरबीआई के गवर्नर शक्तिकांत दास ने बुधवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में इसकी घोषणा. MPC की तीन दिन की बैठक 5 अप्रैल से 7 अप्रैल को हुई. आरबीआई ने नीतिगत दरों पर लगातार पांचवीं बार यथास्थिति बरकरार रखी.

RBI गवर्नरने कहा प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, एमएसएफ और ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया है. RBI गवर्नर ने कहा प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, एमएसएफ और ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया है. उन्होंने कहा, एमपीसी के सभी सदस्य ब्याज दरों में बदलाव नहीं करने के पक्ष में हैं.

शक्तिकांत दास ने कहा, कोरोना के बढ़ने मामले बढ़ने के बावजूद इकोनॉमी में रिकवरी है. लॉकडाउन का ग्रोथ पर सीमित असर हो सकता है. ग्रामीण मांग में सुधार हुआ है. आरबीआई अकोमडेटिव रुख पर कामय है. कोरोना में उछाल से अस्थिरता बनी है.

FY22 में GDP ग्रोथ अनुमान 10.5 फीसदी पर बरकरार

आरबीआई गवर्नर ने कहा, वित्त वर्ष 2022 में जीडीपी ग्रोथ का अनुमान 10.5 फीसदी पर बरकरार है. उनके मुताबिक, FY22 में रियल जीडीपी ग्रोथ 10.5 फीसदी संभव है.

तीसरी तिमाही में CPI 4.4 फीसदी संभव

दास ने कहा, वित्त वर्ष 2021 की चौथी तिमाही में CPI 5.20 फीसदी संभव है. वहीं वित्त वर्ष 2022 की पहली और दूसरी तिमाही में रिटेल महंगाई 5.20 फीसदी संभव है. वहीं, तीसरी तिमाही में 4.40 फीसदी और चौथी तिमाही में रिटेल महंगाई 5 फीसदी संभव है.

पहली तिमाही में 1 लाख करोड़ रुपए का बॉन्ड खरीदेंगे

उन्होंने कहा, बाजार में लिक्विडिटी बढ़ने पर जोर रहेगा. पहली तिमाही में आरबीआई 1 लाख करोड़ रुपए का बॉन्ड खरीदेगा. गवर्नमेंट सिक्योरिटीज प्रोग्राम के तहत 25,000 करोड़ रुपए का बॉन्ड खरीद जाएंगे.

TLTRO ऑन टैप स्कीम को बढ़ाने का ऐलान

दास ने TLTRO ऑन टैप स्कीम को बढ़ाने का ऐलान किया. TLTRO ऑन टैप स्कीम को बढ़ाकर 30 सितंबर 2021 कर दिया गया है.

नाबार्ड, NHB और Sidbi को 50 हजार रुपए का सपोर्ट

आरबीआई गवर्नर ने नाबार्ड, NHB और Sidbi को 50,000 करोड़ रुपए की लिक्विडिटी सपोर्ट देने का ऐलाना किया.

NEFT और RTGS का दायरा बढ़ा

भारतीय रिजर्व बैंक ने बुधवार को नेशनल इलेक्ट्रॉनिक फंड ट्रांसफर (NEFT) और रियल टाइम ग्रॉस सेटलमेंट (RTGS) सुविधाओं को डिजिटल पेमेंट्स इंडरमीडियरिज के लिए बढ़ा दिया है. अब तक, केवल बैंकों को RTGS और NEFT भुगतान सुविधा का उपयोग करने की अनुमति थी.