चुनावी तारीख घोषित होने से पहले सरपंचों को पद छोड़ने के आदेश को चुनौती देने वाली याचिका खारिज

Panchkula

पंचकूला : हरियाणा में पंचायत चुनाव की तारीख जारी होने से पहले ही 23 फरवरी तक सरपंचों को पद छोड़ने के 12 फरवरी के हरियाणा सरकार के आदेश को चुनौती देने वाली याचिका हाईकोर्ट ने खारिज कर दी। हाईकोर्ट ने कहा कि ऐसा कोई कानूनी अधिकार नहीं है जिसके तहत चुनाव की तारीख घोषित होने तक पद पर बने रहने की मांग की जा रही है।

याचिका दाखिल करते हुए सरपंच सोमेश व अन्य ने हाईकोर्ट को बताया कि प्रावधान के अनुसार पंचायत चुनाव की घोषणा के बाद ही सरपंच अपना पद छोड़ते हैं। याची ने कहा कि प्रदेश में अभी तक वार्डबंदी का काम पूरा नहीं हुआ है और सरकार ने उन्हें पद छोड़ने के लिए कह दिया। सरपंचों से पंचायत के लोगों के कई काम होते हैं। यदि सरपंच पद छोड़ देंगे तो लोगों को छोटे-छोटे कामों के लिए बीडीओ के पास जाना होगा। 

एक बीडीओ के आधीन सैकड़ों गांव होते हैं और ऐसे में उनके लिए यह संभव ही नहीं होगा कि सबका काम हो सके। अभी चुनाव कब होगा यह निश्चित नहीं है तो कैसे गांवों के विकास को अनिश्चितकाल के लिए विराम दिया जा सकता है। याची ने कहा कि जैसे विधानसभा और संसद भंग होने के बाद भी मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री पद पर रहते हैं वैसे ही सरपंचों को भी अधिकार दिया जाना चाहिए। गांवों के विकास में ही देश का विकास होता है और यदि गांवों का विकास रुक जाएगा तो देश का विकास भी थम जाएगा।